Tuesday, September 15, 2020

नटवर लीला

 घाट घाट राधा संग बाट नापने वाले

तान बांसुरी से रिझाते देखे जाते हैं

पनघट से घट को कंकरी मार अल्हड़ से

ताली दे देके खिलखिलाते देखे जाते हैं

             गवालों की भूख मिटाने खातिर चोरी से

             चोरी चोरी मन को चुराते देखे जाते हैं

            वही मनमोहन करुण दशा देख साथी की

             फूट फूट अश्रु बहाते देखे जाते हैं

माखन चोरी करके झूठ बोलने वाले

सत्य हेतु धर्म सिखाते देखे जाते हैं

नटखट लीलाएं करने वाले मायापति

ब्रह्मज्ञान पाठ पढ़ाते देखे जाते हैं

               देह अभिमान को विराग्ने का ज्ञान देने

               गोपिन का चीर चुराते देखे जाते हैं             

               भक्तों की लाज के बचैया श्री वासुदेव

               अंचल से चीर बढ़ाते देखे जाते हैं

No comments:

Post a Comment